54 साल बाद ‘पाकीज़ा’ की नई जिंदगी: पुरानी फिल्मों को बचाना क्यों जरूरी है?
स्पंदन डेस्क, कुछ फिल्में अपने समय की लोकप्रियता से आगे निकलकर सांस्कृतिक स्मृति…
दशकों तक डिब्बे में बंद रही फिल्म फिर बनेगी: श्रीदेवी और अरविंद स्वामी की अधूरी कहानी
स्पंदन डेस्क, फिल्मों की दुनिया में दर्शक आम तौर पर तैयार फिल्म…
16 साल की लड़की ने लिखी अपनी पीढ़ी की बेचैनी… कविता में मौत, प्रेम, गुस्सा और उम्मीद… क्या नई पीढ़ी साहित्य में अपना दर्द खोज रही है?
स्पंदन डेस्क, कभी कोई बूढ़ा आदमी दो पन्नों में पूरी जिंदगी लिख देता…
नाना पाटेकर: पर्दे पर आग, जिंदगी में मिट्टी की गंध
‘क्रांतिवीर’ के उस अभिनेता की कहानी, जिसने अभिनय को जुनून और…
दिल्ली में रंगमंच का अंतरराष्ट्रीय मिलन: BRICS Theatre Festival में आएंगी नौ देशों की आवाजें
स्पंदन डेस्क, दिल्ली में 12 से 14 अक्टूबर तक रंगमंच का एक बड़ा…
दिल्ली का अक्षरा थिएटर बचेगा या उजड़ जाएगा? एक मंच की कहानी, चार दशक का इतिहास
स्पंदन डेस्क, दिल्ली का अक्षरा थिएटर इन दिनों अपने अस्तित्व को लेकर चिंता…
नीलिमा शेख की कला अब न्यूयॉर्क के MoMA में, घर और विस्थापन की कहानी दुनिया तक
स्पंदन डेस्क, भारतीय समकालीन कला की महत्वपूर्ण कलाकार नीलिमा शेख इन दिनों अंतरराष्ट्रीय…
मीरा की धरती पर फिर गूंजेंगे भजन: चित्तौड़गढ़ में होगा मीरा महोत्सव
स्पंदन डेस्क, राजस्थान की सांस्कृतिक स्मृति में मीरा सिर्फ एक संत-कवयित्री नहीं हैं.…
जब कठपुतलियां बोलती हैं: भारत की पुरानी कहानी कहने वाली कला का उत्सव
स्पंदन डेस्क, कहानी कहने के लिए हमेशा कैमरे या मोबाइल की…
व्योमेश शुक्ल
वाराणसी की धरती से निकले चर्चित कवि, आलोचक और रंगकर्मी व्योमेश शुक्ल…
